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जयपुर. आगामी स्थानीय निकाय (local body) और पंचायती राज चुनाव (Panchayati Raj Election) से पहले  गहलोत सरकार (Gehlot Government) ने ब्यूरोक्रेसी (Bureaucracy) में बड़ा बदलाव (Big change) करते हुए 70 आईएएस अधिकारियों के तबादले (70 IAS Transfered) कर दिए हैं. शनिवार देर रात जारी तबादला सूची में 9 जिलों के कलक्टर (District Collector) भी बदल दिए गए हैं. माना जा रहा है कि सीएम अशोक गहलोत (CM Ashok Gehlot) अधिकारियों की कार्यप्रणाली से नाखुश थे. इसी के चलते भारी फेरबदल किया गया है. तबादला सूची में जिन जिलों के कलक्टर बदले गए हैं उससे साफ संकेत मिलते हैं कि मंत्री और विधायकों (Ministers and MLAs) की डिजायर के आधार पर ही जिलों के कलक्टर बदले गए हैं.

9 महीने बाद ही बड़ा बदलाव
सीएम अशोक गहलोत ने शपथ लेने के 9 महीने बाद ही ब्यूरोक्रेसी में एक बार फिर बड़ा बदलाव किया है. लोकसभा चुनाव में मिली करारी हार के बाद ही कयास लगाए जा रहे थे कि गहलोत सरकार ब्यूरोक्रेसी में बड़ा बदलाव कर सकती है. यहां देखें किस अधिकारी को कहां लगाया गया है.

 

आईएएस अधिकारी एवं नवीन पद
विशंकर श्रीवास्तव        - अध्यक्ष, राज्य पथ परिवहन निगम
सुबोध अग्रवाल              - एसीएस, उद्योग
पवन कुमार गोयल         - अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक राज्य भंडारण निगम

आर वेंकटेश्वरण             - प्रमुख शासन सचिव, प्रशासन सुधार विभाग
अभय कुमार                 - प्रमुख शासन सचिव, आयोजना
आलोक                        - एमडी, राज्य पथ परिवहन निगम
नरेशपाल गंगवार           - आयुक्त, कृषि
कुंजीलाल मीणा             - प्रमुख शासन सचिव, ऊर्जा
दिनेश कुमार                - प्रमुख शासन सचिव, खान एवं पेट्रोलियम
हेमंत कुमार गेरा           - शासन सचिव, वित्त बजट
गायत्री एस राठौड़          - शासन सचिव, आयुर्वेद
वैभव गालरिया              - शासन सचिव, चिकित्सा
भवानी सिंह देथा           - शासन सचिव, यूडीएच
मंजू राजपाल                - शासन सचिव, स्कूल शिक्षा
के के पाठक शासन       - सचिव, महिला एवं बाल विकास विभाग
नारायण लाल मीणा        - शासन सचिव, गृह विभाग
आशुतोष एटी पेडणेकर  - एमडी, रीको
सूची शर्मा                      - शासन सचिव, तकनीकी शिक्षा विभाग
कृष्ण कुणाल                  - निदेशक, राज्य शैक्षणिक अनुसंधान
नीरज के पवन                - पंजीयन, सहकारिता विभाग
सोमनाथ मिश्रा                - एमडी, खान एवं खनिज निगम
वीणा प्रधान                    - आयुक्त, बाल अधिकारिता विभाग
राजेश शर्मा                    - शासन सचिव, पशुपालन
नरेश कुमार गुप्ता           - प्रबंध निदेशक, जयपुर सिटी ट्रांसपोर्ट
श्याम सिंह राजपुरोहित   - सचिव, राज्य निर्वाचन विभाग
आरुषी अजय मलिक     - विशिष्ट शासन सचिव, पंचायतराज
गजानंद शर्मा                - भू प्रबंध आयुक्त एवं निदेशक
गौरव गोयल                 - निदेशक, खान और भू विज्ञान विभाग
वी सरवन कुमार           - आयुक्त, उद्यानिकी
ओमप्रकाश                  - परियोजना निदेशक, कृषि विभाग
नन्नूमल पहाड़िया           - विशिष्ट शासन सचिव, पीएचईडी
जितेंद्र कुमार उपाध्याय  - आयुक्त, विभागीय जांच
नरेश कुमार ठकराल     - निदेशक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन
विष्णु चरण मलिक        - आयुक्त, आबकारी विभाग
शुचि त्यागी                   - आयुक्त, निशक्त:जन
अभिषेक भगोरिया        - अतिरिक्त आयुक्त, शिक्षा परिषद
छगनलाल श्रीमाली        - आयुक्त ,उपनिवेशन विभाग
प्रतिभा सिंह                 - निदेशक, आईसीडीएस
रामचंद्र डेनवाल           - निदेशक, मुद्रालेखन
वीरेंद्र सिंह बांकावत     - आयुक्त, दिल्ली-मुंबई कॉरिडोर
चौथीराम मीणा            - आयुक्त, विभागीय जांच
श्याम लाल गुर्जर         - निदेशक, मत्स्य विभाग
दीपक नंदी                 - कार्यकारी निदेशक, रुडसिको
सुषमा अरोड़ा             - एमडी, राजफैड
नेहा गिरी                   - संयुक्त शासन सचिव, टीएडी
कन्हैयालाल स्वामी      - एमडी, सहकारिता डेयरी फेडरेशन
भगवती प्रसाद कलाल - सयुंक्त शासन सचिव, खान विभाग
महावीर प्रसाद            - महानिरीक्षक, पंजीयन एवं मुद्रांक
शिवांगी स्वर्णकार        - आयुक्त, टीएडी

सरकार ने 9 जिलों में नए कलक्टर लगाए हैं
मोहनलाल यादव          - करौली
किशोर कुमार शर्मा      - टोंक
यज्ञमित्र सिंह देव          - सीकर
राजेश कुमार जायसवाल - धौलपुर
अंतर सिंह नेहरा           - बांसवाड़ा
अनुपमा जोरवाल          - प्रतापगढ़
ओमप्रकाश कसेरा        - कोटा
आलोक रंजन               - डूंगरपुर
जोगाराम                     - भरतपुर

तबादला सूची में कई बार हुआ संशोधन
लोकसभा चुनाव के बाद ही ब्यूरोक्रेसी में बदलाव के कयास लगाए जा रहे थे. सीएम के स्तर पर बदलाव की अनुमति मिलने के बाद भी कई बार तबादला सूची में संशोधन किया गया. गहलोत सरकार ने ब्यूरोक्रेसी में बदलाव कर साफ संकेत दिया कि बदले गए अफसर सरकारी दस्तावेज बने जन घोषणा-पत्र के अहम बिंदुओं को जमीनी धरातल पर उतारने में विफल रहे हैं. संभवतः यही कारण है कि मुख्यमंत्री ने 9 जिलों के कलक्टर भी बदल दिए हैं.